भले ही न्यूजीलैंड को फाइनल मे हराकर इंग्लैंड आईसीसी क्रिकेट विश्व कप जीतकर विश्व चैंपियन बन चुका है, लेकिन उनकी इस जीत मे उनके खेल से ज्यादा उनकी किस्मत और अंपायर के गलत फैसलों का योगदान माना जा रहा है। जिसमें से फाइनल मैच मे मैदान पर मौजूद अंपायर्स के ओवर थ्रो पर 6 रन देने का प्रकरण सबसे ज्यादा विवादित मुद्दा रहा और अब एक अनुभवी अंपायर ने इस फैसले को पूरी तरह गलत करार दिया है।
साइमन टॉफेल ने बताया गलत फैसला
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पूर्व अनुभवी अंपायर साइमन टॉफेल ने भी फाइनल मैच मे अंपायरिंग कर रहे अंपायर कुमार धर्मसेना और मरे इरासमस के इस फैसले को पूरी तरह से गलत बताया है। यही नही, उन्होंने ओवर थ्रो से जुड़ी नियमों को भी समझाया। उन्होंने बताया कि नियम के अनुसार थ्रो फेकने से पहले दोनों खिलाड़ियों को क्रॉस कर लेना चाहिए, जो कि इस मामले मे नही हुआ था, लेकिन इस पर अंपायर्स का ध्यान नही गया और अंपायर्स ने इंग्लैंड को 5 के बजाय 6 रन दे दिये, जिसका हर्जाना कीवी टीम को भुगतना पड़ा और मैच टाई पर खत्म हुआ। अगर वह एक रन बच जाता, तो इंग्लैंड को अंतिम गेंद पर 3 रनों की जरूरत होती, जिसे बना पाना इंग्लैंड के लिए बेहद मुश्किल होता।
कौन है साइमन टॉफेल?
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साइमन टॉफेल के बारे मे अधिकतर क्रिकेट प्रेमी जानते होंगे, लेकिन बेहद कम लोग ही जानते हैं कि अंपायरिंग के इतिहास मे उनका महत्वपूर्ण इतिहास है। वे साल 2004 से लेकर साल 2008 तक लगातार 5 बार आईसीसी के द्वारा ही सर्वश्रेष्ठ अंपायर चुने जा चुके है। उन्हें 74 टेस्ट, 174 वन डे और 34 टी-20 क्रिकेट मैचों मे अंपायरिंग करने का गज़ब का अनुभव है। वे दुनिया के सर्वश्रेष्ठ अंपायर्स मे से एक थे और फिलहाल वे अंपायरिंग को अलविदा कह चुके हैं।

